World Boxing Cup 2025: भारत ने जीते तीन गोल्ड, मीनाक्षी, प्रीति और अरुंधति की ऐतिहासिक कामयाबी

48, 54 और 70 किग्रा वर्ग में भारत को मिले तीन स्वर्ण। मीनाक्षी हुड्डा और प्रीति पवार का दबदबा, अरुंधति चौधरी ने दिलाया तीसरा गोल्ड। भारतीय बॉक्सिंग की चमक दुनिया में बिखरी।
by - Thaneshwar sahu
नई दिल्ली। विश्व मुक्केबाज़ी कप 2025 में भारतीय खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए इतिहास रच दिया। तीन अलग-अलग भार वर्ग में भारत ने तीन स्वर्ण पदक अपने नाम किए, जिससे घरेलू दर्शकों के सामने तिरंगा बार-बार लहराता दिखाई दिया।
48 किलोग्राम में मीनाक्षी हुड्डा, 54 किलोग्राम में प्रीति पवार, और 70 किलोग्राम में अरुंधति चौधरी ने देश को गोल्ड दिलाया।
48 किग्रा वर्ग: मीनाक्षी हुड्डा ने रचा इतिहास
भारत की युवा स्टार मीनाक्षी हुड्डा ने फाइनल में उज्बेकिस्तान की फोज़िलोवा फरजोना को 5-0 से शिकस्त देकर स्वर्ण पदक जीता।
पूरे मुकाबले में मीनाक्षी का आक्रामक अंदाज़ और तेज़ रफ्तार पंच देखने लायक थे। उन्होंने पहले राउंड से पुख्ता लीड बनाई और अंतिम घंटी तक इसे बरकरार रखा।
मीनाक्षी की भावुक प्रतिक्रिया:
“यह टूर्नामेंट भारत में होने के कारण खास था। हमने ठान रखा था कि जीतकर ही लौटेंगे। वर्ल्ड चैंपियन बनना जितना मुश्किल नहीं, उसे बनाए रखना उससे भी चुनौतीपूर्ण है। खुश हूं कि देश का नाम रोशन कर सकी।”
छोटी उम्र में शुरू हुई बॉक्सिंग, ITBP की नौकरी ने बदली ज़िंदगी
हरियाणा के रोहतक जिले के रुड़की गांव की मीनाक्षी का परिवार बेहद साधारण है। उनके पिता आज भी ऑटो चलाते हैं।
मीनाक्षी ने 12 साल की उम्र में बॉक्सिंग शुरू की और 2019 यूथ नेशनल्स में गोल्ड, 2021 सीनियर नेशनल्स में सिल्वर और 2022 एशियन चैंपियनशिप में सिल्वर जीतकर पहचान बनाई। ITBP में नौकरी मिलने के बाद उनकी जिंदगी नई राह पर चली गई।
54 किग्रा वर्ग: प्रीति पवार की दमदार वापसी
मीनाक्षी के बाद भारत के लिए दूसरा गोल्ड प्रीति पवार ने जीता।
फाइनल में उन्होंने इटली की सिरिन चराबी को मात दी। चोट और खराब फॉर्म से जूझने के बाद प्रीति की यह चमकदार वापसी है।
प्रीति ने कहा:
“मैंने फिर से अपनी लय पा ली है और अब पहले से ज्यादा मजबूत महसूस कर रही हूं। मेरा अगला लक्ष्य 2028 लॉस एंजिल्स ओलंपिक है।”
70 किग्रा वर्ग: अरुंधति चौधरी का कमाल—भारत की गोल्ड हैट्रिक
भारत की तीसरी गोल्डन जीत अरुंधति चौधरी के नाम रही।
उन्होंने उज्बेकिस्तान की अजीजा जोकिरोवा को हराकर भारत के लिए गोल्ड की हैट्रिक पूरी की।
इस प्रतियोगिता में भारत के 15 मुक्केबाज फाइनल में पहुंचे, जो भारतीय बॉक्सिंग की नई शक्ति का संकेत है। अगले दौर में निकहत जरीन और जैस्मीन लम्बोरिया पर सभी की निगाहें होंगी।
भारतीय मुक्केबाज़ी का नया स्वर्णिम दौर
इस शानदार प्रदर्शन ने साफ कर दिया है कि भारतीय बॉक्सिंग अब विश्व स्तर पर एक मजबूत पहचान बना रही है।
मीनाक्षी, प्रीति और अरुंधति की जीत आने वाले अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंटों के लिए शुभ संकेत है और देशभर के खेलप्रेमियों ने इन खिलाड़ियों को बधाई दी है।

Niraj Tiwari
Independent journalist with 5 years of hands-on experience covering ground reports, interviews, and investigative stories. Committed to truthful reporting and ethical journalism.
