नक्सली सरेंडर की सबसे बड़ी घटना: CM विष्णुदेव साय बोले- 2026 तक नक्सलवाद होगा खत्म, विकास का रास्ता खुलेगा

छत्तीसगढ़-महाराष्ट्र सीमा पर नक्सल संगठन को बड़ा झटका—CM विष्णुदेव साय बोले, 2026 तक नक्सलवाद होगा खत्म, विकास का रास्ता खुलेगा।
गढ़चिरौली/रायपुर। नक्सल इतिहास में एक बड़ा मोड़ आया है। महाराष्ट्र के गढ़चिरौली में 1 करोड़ के इनामी नक्सली सोनू उर्फ भूपति उर्फ मोझुल्ला ने अपने 60 साथियों के साथ आत्मसमर्पण कर दिया। बताया जा रहा है कि, भूपति नक्सल संगठन का पोलित ब्यूरो सदस्य और प्रवक्ता था, जो लंबे समय से माओवादी आंदोलन की कमान संभाले हुए था।
मंगलवार को हुए इस ऐतिहासिक सरेंडर के बाद छत्तीसगढ़ और महाराष्ट्र दोनों राज्यों में सुरक्षा बलों ने राहत की सांस ली है। नक्सली संगठन के शीर्ष नेता सोनू दादा ने खुद को महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री के सामने सरेंडर कर दिया।
CM विष्णुदेव साय ने कहा— “2026 तक नक्सलवाद का नामो-निशान मिट जाएगा”
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने इस घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा, “देश जानता है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह का संकल्प है कि मार्च 2026 तक देश से नक्सलवाद का खात्मा होगा। यह आत्मसमर्पण उसी दिशा में बड़ी सफलता है। अब छत्तीसगढ़ और बस्तर विकास की नई राह पर बढ़ेंगे।”
कौन है सोनू दादा?
सोनू दादा उर्फ भूपति का असली नाम मल्लोजुला वेणुगोपाल है, जो तेलंगाना के करीमनगर का रहने वाला है। उसकी उम्र करीब 70 साल बताई जा रही है।
वह नक्सल संगठन में पोलित ब्यूरो सदस्य, सेंट्रल कमेटी सदस्य और CRB सचिव रह चुका है। उसके पास एके-47 हथियार भी था और उस पर 1 करोड़ रुपए का इनाम घोषित था।
नक्सल हिंसा में फिर एक हत्या
उधर, बीजापुर जिले में नक्सलियों ने भाजपा नेता पूनेम सत्यम की हत्या कर दी। नक्सलियों ने उसके शव के पास एक पर्चा भी फेंका, जिसमें लिखा था कि वह पुलिस का मुखबिर था। नक्सलियों ने सरकार को इस हत्या के लिए जिम्मेदार बताया है।

Niraj Tiwari
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